जयपुर। गोविंद देव जी मंदिर में चल रहे कृष्ण जन्माष्टमी उत्सवों का आज श्रद्धा और उल्लास के साथ विश्राम हो गया। समापन अवसर पर आयोजित अंतिम संकीर्तन में श्री गौरांग महाप्रभु संकीर्तन मण्डल के भजनों पर गोविंद प्रेमी जमकर झूमे। 19 अगस्त से शुरू हुए इस भव्य महोत्सव में प्रतिदिन सुबह और शाम विभिन्न संकीर्तन मंडलों तथा विश्व प्रसिद्ध कलाकारों ने अपनी दिव्य प्रस्तुतियां दीं।
अंतिम संकीर्तन में “राधे गोविंदा”, “श्री राधे”, “मीरा बाई एकली खड़ी”, “कीर्तन की है रात” और “फूलों में सज रहे हैं” जैसे लोकप्रिय भजनों की सरिता बहाकर ठाकुर श्री गोविंद जी महाराज को रिझाया। सुप्रसिद्ध कथावाचक इन्द्रेश ने विशेष रूप से कार्यक्रम में शिरकत की। उनकी उपस्थिति ने पूरे वातावरण को भक्तिमय बना दिया। वृंदावन से आए बंगाली संकीर्तन मण्डल द्वारा गुरुवार सुबह से अष्टप्रहर नाम संकीर्तन किया जाएगा। महंत अंजन गोस्वामी ने सभी धर्मप्रेमी जनता से अपील करते हुए 5 सितंबर को शाम 4:30 बजे से आयोजित होने वाली विशाल शोभायात्रा में अधिक से अधिक संख्या में सम्मिलित होकर पुण्य लाभ कमाने का निवेदन किया।
