जयपुर, 29 अगस्त | आज दूसरे दिन भी काली पट्टी बांधकर प्रदेश के लैब टेकनीशियनों ने निजीकरण को लेकर के विरोध प्रदर्शन किया | संघ के प्रदेश अध्यक्ष जितेंद्र सिंह एवं मीडिया प्रभारी संतोष शर्मा ने बताया कि निजीकरण से किसी को फायदा होने वाला नहीं है | बल्कि जनता को मिलने वाली रिपोर्ट की क्वालिटी से लेकर के सरकार पर अतिरिक्त आर्थिक भार एवं बेरोजगार, सभी के हितों पर कुठाराघात होगा | यह मॉडल दूसरे राज्यों में पूरी तरह से फैल रहा है | 600 परसेंट तक अतिरिक्त भार सरकारों को बहन करना पड़ा है हम लोग 8 करोड़ जनता के सेवा के लिए तत्पर थे, है, और रहेंगे, हमने MNJY में 2013 में 2 करोड़ होने वाले जांचों को 2025 में 12 करोड़ से ऊपर पहुंचा दिया | ऐसे में समझ नहीं आ रहा कि आखिरकार जांचों का निजीकरण क्यों किया जा रहा है |
