जयपुर 12 फरवरी। अखिल राजस्थान राज्य कर्मचारी सयुक्त महासंघ एकीकृत प्रदेशाध्यक्ष, राजेन्द्र राना, एव महासंघ प्रमुख महेंद्र सिंह ने राजस्थान बजट 2026 पर राज्य कर्मचारियो की ओर से मिलीजुली प्रतिक्रिया व्यक्त करते हुये, बताया कि बजट मे नियमित हो या अनियमित कर्मचारियो के हाथ खाली है, जिसकी कर्मचारियो ने उम्मीद नही की थी l हालांकि बजट मे नियमित कर्मचारियो की पिछली 20 वर्षों से व्याप्त वेतन विसंगति पर खेमराज कमेटी की पूर्व प्रकाशित रिपोर्ट जिसमे किसी भी संवर्ग की मूल वेतन विसंगति को दूर करने की सिफारिश नही करने से कर्मचारियो मे भारी नाराजगी थी, महासंघ की मांग पर उसके पुनः परीक्षण हेतु उच्च स्तरीय कमेटी का गठन , तथा उत्तर प्रदेश की तरह सैलरी एव पेंशन अकाउंट्स बीमा का निर्णय स्वागत योग्य है।
महासंघ प्रवक्ता जितेन्द्र सिंह ने बताया कि 50 प्रतिशत पेंशन के लिए पुरानी संविदा सेवा अवधी की नियमित सेवा मे नोशनल गड़ना तथा नियमित सेवा अवधी की तरह 25 वर्ष से घटाकर 20 वर्ष करने, संविदा, निविदा, मानदेय भोगी कार्मिको का नियमितिकरण एवं वेतन वृद्धि , 9/18/27 वर्ष पर macp परिलाभ को 7/14/21 वर्ष करना, पदनाम परिवर्तन, भ्रष्टाचार मुक्त स्थानान्तरण नीति, पदोन्नति पदों मे वृद्धि जैसी ज्वलंत मांगो पर सरकार की चुप्पी से कर्मचारियो मे व्याप्त असंतोष और गहरा गया है, जिस पर मुख्यमंत्री जी को संवेदनशीलता से विचार कर अपेक्षित निर्णय करने की आवश्यकता है।
