जयपुर, 2 अगस्त । संयुक्त अभिभावक संघ ने आज राइट टू एजुकेशन (आरटीई) की प्रक्रिया के तहत दाखिला प्राप्त बच्चों के अभिभावक ने शिक्षा मंत्री मदन दिलावर से सरकारी आवास पर मुलाकात कर ना केवल ज्ञापन दिया बल्कि अपनी व्यथा भी व्यक्त करवाई। इस दौरान एक महिला अभिभावक भावुकता के साथ साथ अपनी व्यथा सुनाते हुए शिक्षा मंत्री से तीखे सवाल किए और उन्होंने शिक्षा मंत्री से कहा कि हम गरीब है, तो क्या हमारे बच्चों को पढ़ाने का अधिकार नहीं मिलेगा। हमारी गलती कहा सरकार ने आवेदन निकाले, सरकार ने ही लॉटरी निकाल बच्चों का चयन किया, उसके बावजूद दाखिले नहीं हो रहे है, शिक्षा निदेशक ने तक ने 17 जुलाई को आदेश जारी कर दिए उसके बाद भी ना बच्चों को दाखिला मिला, ना स्कूलों पर कार्यवाही हुई।
संघ ने आरोप लगाते हुए कहा कि शिक्षा मंत्री को इस मामले जानकारी नहीं है इसलिए उन्होंने अधिकारियों को बुलाकर आरटीई मसले पर वार्तालाप कर समाधान निकालने की बात कही जिस पर अभिभावकों ने कहा कि आपको आरटीई मसले की जानकारी ही नहीं हैं जो पिछले चार महीने से विवाद चल रहा है तो हम कैसे उम्मीद लगाएं कि आप बच्चों का भविष्य खराब नहीं होने देंगे, शिक्षा मंत्री ने कहा कि आप सभी निश्चित रहे अधिकारियों से मुलाकात कर सभी अभिभावकों की समस्याओं का समाधान अवश्य करेंगे।
