Homeधार्मिकगौ सेवा समिति ने पेश की इंसानियत और गौ-सेवा की अनूठी मिसाल
गौ सेवा समिति ने पेश की इंसानियत और गौ-सेवा की अनूठी मिसाल
जयपुर, 14 जुलाई । नर सेवा ही नारायण सेवा है गौ सेवा ही परम धर्म है इन दोनों ही सनातन संकल्पों को धरातल पर चरितार्थ करते हुए श्री श्याम गौ सेवा समिति ने इस बार की आषाढ़ी अमावस्या को सेवा के एक उत्सव में बदल दिया। आज समिति के तत्वावधान में आयोजित मासिक गौ सेवा कार्यक्रम के तहत जहाँ पशुओं के लिए चारे-पानी का प्रबंध किया गया, वहीं समाज के वंचित व बुजुर्ग वर्ग के लिए सम्मानपूर्वक भोजन सेवा का आयोजन हुआ। समिति के तमाम सदस्य और गौभक्त पूरी ऊर्जा के साथ एकजुट हुए। मासिक गौ सेवा की इस श्रृंखला में इस बार चदलाई स्थित श्री शिव शक्ति गौशाला को चुना गया । गौ भक्तों ने सेवा भाव दिखाते हुए गौशाला में एक गाड़ी हरा और सूखा चारा पहुँचाया। गायों के पोषण के लिए भारी मात्रा में गुड़ और खल का वितरण किया।
समिति के उपाध्यक्ष राम चंद्र चौधरी एवं अशोक प्रजापत ने बताया कि हर माह की भांति इस अमावस्या पर भी सैकड़ों गौ भक्तों ने इस पुनीत कार्य में अपनी आहुति दी। इस अवसर पर गौशाला के संचालक महाराज का समिति की ओर से दुपट्टा ओढ़ाकर और मोमेंटो भेंट कर आत्मीय सम्मान किया गया | गौसेवा समिति का यह अभियान केवल एक दिन के आयोजन तक सीमित नहीं है, बल्कि इसके पीछे एक दूरदर्शी सोच भी काम कर रही है |
अनाथालय और वृद्धाश्रम में गूंजी तृप्ति की मुस्कान
गौसेवा के समानांतर ही समिति ने मानव सेवा के मोर्चे पर भी मिसाल पेश की। भोजन सेवा सहप्रभारी गणेश नारायण और कन्हैयालाल लुगरिया के नेतृत्व में आषाढ़ी अमावस्या के पावन अवसर पर दो प्रमुख केंद्रों पर निशुल्क भोजन का वितरण किया गया। जिसमें नेवटा स्थित अनाथ आश्रम,मानसरोवर स्थित वृद्ध आश्रम में समिति द्वारा इन आश्रमों में रहने वाले बच्चों और बुजुर्गों को बड़े ही प्रेम और आदर के साथ पूड़ी, सब्जी और रसगुल्ले का स्वादिष्ट व पौष्टिक भोजन परोसा गया। तृप्ति की यह मुस्कान वृद्धों के चेहरों और बच्चों की आँखों में साफ देखी जा सकती थी। इस पूरे सेवा यज्ञ को सफल बनाने में समिति के समर्पित पदाधिकारियों और गणमान्य लोगों ने अपनी सक्रिय भूमिका निभाई। कार्यक्रम में मुख्य रूप से हनुमान सहाय, किशोर लाल, सुरेंद्र,रामफूल, मेघराज, रामूदान चारण,आजाद, रमेश चंद्र मेवाड़ा, लखनसहित समिति के कई वरिष्ठ पदाधिकारी और गौभक्त उपस्थित रहे, जिन्होंने इस सेवा कार्य को पूरी शिद्दत के साथ संपन्न कराया।
“जो गौशालाएं मुख्यधारा से किन्हीं कारणों से पिछड़ गई हैं या जहाँ चारे का गंभीर अभाव है, उनकी एक सूची (लिस्ट) तैयार की गई है। आने वाली अमावस्या पर ऐसी ही अभावग्रस्त गौशालाओं में हरे व सूखे चारे की गाड़ियां भेजी जाएंगी।” विष्णु शर्मा, गौ सेवा प्रभारी